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Medicinal use of Ajawain in Ayurveda

Ajawain Remember getting up in middle of the night with a colicky pain in the abdomen?  The first thought that comes to mind is Ajawain. This time- tested home remedy comes to rescue and you thank your stars to have always placed it on your kitchen shelves. This indeed helps. Try taking half a teaspoon of the same and a pinch of black salt  along with warm water for immediate...

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Medicinal use of Amla

Amla Modern living is full of stress and strain and as a continuous process results in the deterioration of the immune system of the body. This makes the body more prone to aliments and even causes pre-mature aging. So as to cope with the stress. People tend to take a number of multi vitamins, body and brain tonics, and yet find themselves  disillusioned with the same in the long run....

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गुर्दे और मूत्राशय में पथरी के लक्षण

पथरी से पेटदर्द पेट दर्द के लिए पथरियाँ भी जिम्मेदार हो सकती हैं, जो प्राय: मूत्र-तंत्र, पित्त की थैली, पित्त नली या पोनिक्रयास में पायी जाती हैं | दर्द ही नही, पेट की पथरियाँ पेशाब में जलन, मूत्र का बार-बार आना या खून आना, गैस अपचन, पीलिया, डायबिटीज जैसी परेशानियाँ भी उत्पन्न कर देती हैं | बहुत से रोगियों में तो पथरी होने के बावजूद भी बहुत समय तक इनका...

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Multiple uses of “Azadirachta Indica Tinospora नीम गिलोय (गुर्च) ” in Ayurveda

नीम गिलोय (गुर्च) पाठक जन इस विचित्र नाम को सुनकर चौंक उठे होने कि नीम और गिलोय एकसाथ दो नाम इकट्ठे ही कैसे जुड़ गए? वास्तव में यह नाम दो नामों के जुड़ने से ही बनता है | इसका कारण है कि नीम अपने आप में एक बहुत बड़ा वृक्ष है | गिलोय उस पर चढ़ी हुई बेल होती है जो इस वृक्ष के सहारे पलती है | गिलोय को...

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Natural benefits of “Pineapple (अनन्नास)” in Ayurveda

अनन्नास अनन्नास का फल पहले भारत में नहीं होता था । विदेशी शासकों के आने के साथ-साथ यह फल भी अब भारत में खूब होने लगा है । इसका जन्म पश्चिम देशों में हुआ जो भारत में आकर खूब लोकप्रिय हुआ । गुण तथा लाभ इस फल का छिलका बहुत ही सख्त होता है । दिल रोगियों के लिए वरदान अनन्नास दिल के रोगियों के लिए बहुत लाभकारी है ।...

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“Peelu (पीलू)” beneficial for Hemorrhoids, fever, Urine disease

पीलू पीलू के वृक्ष बहुत टेढ़े-मेढ़े होते हैं । उन पर पीलुओं के बड़े-बड़े गुच्छे फलों के रूप में लगते हैं । इन वृक्ष पर दिसम्बर मास में फुल आते हैं और मार्च मास में फल पक जाते हैं । लाभ तथा गुण बवासीर बवासीर रोगियों के लिए पीलू का रस बहुत ही गुणकारी माना गया है क्योंकि यह रस मीठा होता है । लोग इसे बहुत खुश होकर पीते...

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